audio

C:\Users\VISHAL\Documents\Sound recordings

Tuesday, April 14, 2020

स्वेटर जाड़े में


स्वेटर जाड़े में
,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,


स्वेटर जाड़े में ।
जानवर बाड़े में ।
हो तो अच्छा ।।

साड़ी का छोर।
मन की डोर ।
काबू में अच्छा।।

बिन सुपारी पान ।
बे-लगाम जुबान ।
ना हो तो अच्छा।।

कांच चकनाचूर ।
मन ,मद से भरपूर ।
ना हो तो अच्छा।।

खाट ,बिन बान।
मन में शैतान।
ना हो अच्छा ।।

मंजन करना नहीँ मजबूरी।
आदमखोर का मरना जरूरी।
है मन्त्र सच्चा ।।


,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,

गगन टांकड़ा 
(१२-०४-२०२०)



No comments:

Post a Comment